शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय अमिलई बना अनुशासन और सफलता की मिसाल, लेकिन चोरी की वारदातें बनी चिंता का विषय

शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय अमिलई बना अनुशासन और सफलता की मिसाल, लेकिन चोरी की वारदातें बनी चिंता का विषय


रामपुर नैकिन (सीधी) — शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय अमिलई इन दिनों पूरे क्षेत्र में एक अनुशासित और परिणामदायक शिक्षण संस्थान के रूप में अपनी अलग पहचान बना चुका है। विद्यालय के प्राचार्य बलवंत सिंह के नेतृत्व में शिक्षकों की समर्पित टीम ने विद्यार्थियों को न केवल शैक्षणिक बल्कि नैतिक और सांस्कृतिक रूप से भी अनुशासित और प्रतिभावान बनाया है।

पिछले वर्ष विद्यालय का कक्षा 12वीं का परीक्षा परिणाम 90% और कक्षा 10वीं का 65% रहा, जो इस अंचल के लिए गौरव का विषय है। यहां व्यावसायिक शिक्षा के तहत आईटी और इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे विषयों की पढ़ाई भी हो रही है, जिससे बच्चे तकनीकी रूप से भी दक्ष बन रहे हैं।

विद्यालय में संगीत, खेल एवं अन्य संसाधन भी बच्चों को उपलब्ध कराए गए हैं, जिससे कई विद्यार्थी प्रदेश स्तर पर चयनित हो चुके हैं। अनुशासन और संसाधनों की यह व्यवस्था, निश्चित रूप से प्राचार्य बलवंत सिंह की दूरदर्शिता और शिक्षकों की प्रतिबद्धता का परिणाम है।

प्राचार्य बलवंत सिंह ने कहा, “इस विद्यालय को एक आदर्श संस्थान बनाने में हमारे शिक्षकों का बहुत प्रमुख योगदान है।”

लेकिन एक गंभीर समस्या—चोरी की घटनाएं बनी चुनौती

जहां एक ओर स्कूल शिक्षा के क्षेत्र में मिसाल कायम कर रहा है, वहीं दूसरी ओर चोरी की घटनाएं चिंता का विषय बन चुकी हैं।
पिछले वर्ष स्कूल से 6 कंप्यूटर चोरी हुए थे और इस वर्ष फिर से इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की चोरी की सूचना मिली है।

विद्यालय प्रशासन और स्थानीय लोगों का मानना है कि यदि विद्यालय परिसर में स्विफ्ट नाइट एवं डे गार्ड की नियुक्ति कर दी जाए, तो इस समस्या का स्थायी समाधान मिल सकता है।

Mangalbharat News का आग्रह है कि शासन इस ओर शीघ्र संज्ञान ले और एक मॉडल स्कूल को सुरक्षा के साथ भी मज़बूत बनाए।

रिपोर्ट: सलाहकार संपादक बलराम पांडे | +91-9893572905, +91-7999398695