सिंहस्थ-2028 से पहले उज्जैन–जावरा ग्रीनफील्ड फोरलेन और केंद्रीय महाविद्यालय की सौगात

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने नागदा में 5,017 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का भूमिपूजन किया, कर्नाटक के राज्यपाल थावरचंद गहलोत रहे विशेष अतिथि.

नागदा (उज्जैन)। सिंहस्थ-2028 की तैयारियों को गति देते हुए मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने नागदा स्थित मुक्तेश्वर महादेव प्रांगण में आयोजित विशाल जनसभा में लगभग 5,017 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले 98.730 किलोमीटर लंबे उज्जैन–जावरा ग्रीनफील्ड फोरलेन हाईवे तथा केंद्रीय महाविद्यालय, नागदा का भूमिपूजन एवं शुभारंभ किया। कार्यक्रम में कर्नाटक के राज्यपाल थावरचंद गहलोत विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सिंहस्थ-2028 में देश-विदेश से करोड़ों श्रद्धालु उज्जैन आएंगे। उन्हें बेहतर सड़क, यातायात, सुरक्षा और अन्य नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए राज्य सरकार तेजी से कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में मध्य प्रदेश विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा है और महाकाल लोक बनने के बाद उज्जैन में श्रद्धालुओं की संख्या में अभूतपूर्व वृद्धि हुई है।
मुख्यमंत्री ने नागदा क्षेत्र के लिए कई नई घोषणाएं भी कीं। इनमें आरटीआई कॉलेज, चंबल नदी पर बांध निर्माण, निजी खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों को बढ़ावा, मंडी के लिए भूमि आवंटन तथा सड़क संपर्क मजबूत करने के प्रस्ताव शामिल हैं। उन्होंने किसानों, महिलाओं और युवाओं के कल्याण के लिए सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।
राज्यपाल थावरचंद गहलोत ने कहा कि उज्जैन–जावरा फोरलेन परियोजना सिंहस्थ से पहले पूरी होने पर नागदा सहित पूरे क्षेत्र के विकास को नई गति मिलेगी। उन्होंने बताया कि केंद्रीय महाविद्यालय नागदा में 3 अगस्त से कक्षाएं प्रारंभ होने का लक्ष्य है। साथ ही जनसेवा प्रहरी योजना के तहत सड़क दुर्घटनाओं में घायल लोगों को गोल्डन ऑवर के भीतर सहायता उपलब्ध कराने की व्यवस्था को भी महत्वपूर्ण बताया।
कार्यक्रम में सांसद अनिल फिरोजिया, विधायक डॉ. तेजबहादुर सिंह चौहान, जिला अध्यक्ष राजेश धाकड़, नगर पालिका अध्यक्ष संतोष ओपी गहलोत सहित अनेक जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।